भांग के पत्ते के फायदे, 6 महत्वपूर्ण रोगों के उपचार

भांग के पत्ते के फायदे, 6 महत्वपूर्ण रोगों के उपचार

भांग के पत्ते के फायदे - bhang ke patte ke fayde

भांग के पेड़ व भांग के पत्ते, भांग के बीज के बारे में सभी लोग जानते है । लेकिन भांग के पत्ते के फायदे - bhaang ke patte ke fayde व भांग के नुकसान व भांग के उपयोग के बारे मे कम ही लोग जानते हैं । भांग से अनेक रोगों का उपचाार किया जाता है ।


आमतौर पर लोग यह सोचते हैं कि भांग तथा भांग के पत्ते का उपयोग सिर्फ भांग का नशा - bhang ka nasha करने के लिए किया जाता है । लेकिन ऐसा नही है, भांग व भाग के पत्ते के फायदे - bhang ke patte ke fayde अनेक होते हैं ।


bhang ke patte ke fayde


इससे विभिन्न रोगों का उपचार किया जाता है । ये अपने आप उगने वाला पौधा है, यह उत्तराखंड़, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, व बिहार मे प्रचुर मात्रा में होता है ।


भांग और गांजे में अंतर :


अक्सर लोग भ्रम में रहते है, कि भंग और गांजे में क्या अंतर होता है । वास्तव में भाँग और गांजा दोनो एक ही फैमिली के पौधे है ।  भांग एक मादा पौधा है इसी की पत्तियों का प्रयोग लोग नशा करने के लिए करते हैं। जबकि गांजा इसी परिवार का नर पौधा होता हैं । इसकी पहचान यह है कि केवल गांजे के पौधे में ही फूल खिलते हैं, इन्हीं फूलों को नशेड़ी चिलम मैं भर कर नशे के में इस्तेमाल करते हैं। इसी को गांजा नाम से जाना जाता है।

भांग के पेड़ - bhang ke ped में भूरे रंग की मीठी राल, जिसे केनाबिनोल कहते हैं । राल में लाल रंग का चिपचिपा तेल पाया जाता है । हवा के सम्पर्क मे आकर यह रालिये हो जाता है । भारतीय भांग मे कुछ गोंदिये पदार्थ शर्करा उड़नशील तेल व केल्शियम फास्फेट आदि पाया जाता है। 

भांग का वैज्ञानिक नाम cannabis sativa L. है । संस्कृत में भंगा, विजया, मादनि, व फारसी मे किनब बोला जाता हैं ।


भांग के पत्ते के फायदे -bhang benefits in hindi  


भांग कफनाशक, पित्तकारक, तीक्ष्ण गर्म, पाचक, व हल्की होती है अनेक रोगों में भांग फायदेमंद होती है । इससे कानदर्द, सिरदर्द, खाँसी, दमा, मूत्ररोग, पेटदर्द, गठिया, आदि रोगों का इलाज किया जाता है ।


भांग का  नींद लाने के लिए भी किया जाता है । भांग का उपयोग घाव भरने मे भी किया जाता है । पहाड़ी इलाकों में भांग के बीज को पीस कर खीरे के रायते में मिलाया जाता है । जिससे रायता बहुत स्वादिस्ट व पाचक हो जाता है । 


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भांग के फायदे-benefits of bhang in hindi


1. पेचिस या आमातिसार मे भांग खाने के फायदे - bhang khane ke fayde


  • भांग के 100 मिलीग्राम चूर्ण मे 50 मिलीग्राम पोस्त दाना का चूर्ण  मिलाकर सुबह शाम खाने से आमातिसार रुकता है ।

  • भांग की सुखी कोमल टहनियां व इसके फूल को शक्कर व कालीमिर्च के साथ पीस कर देने से भी पेचिस में आराम मिल जाता है ।

  • सुखी हुई भांग को धोकर, इसको बारीक  पीस कर इसके 125 मिलि ग्राम मात्रा को शहद के साथ मिलाकर चाटने से भी यह रोग ठीक हो जाता है ।

  • भांग के चूर्ण की 100 मिली ग्राम मात्रा को फंकी सौंफ के अर्क की 4 से 5 बूंदे मिला कर दिन में दो तीन बार देने से पेचिस में आराम मिल जाता है ।

2. सिरदर्द में भांग के पत्ते के फायदे - bhang ke patte ke fayde 


भाग के पत्ते का अर्क गर्म करके इसकी 2 से 3 बूंदे कान मे डालने से गर्मी सर्दी का कोई भी सिरदर्द ठीक हो जाता है ।


इसके पत्तो को बारीक पीस कर सूंघने से भी सिरदर्द ठीक हो जाता है ।


3. हैजे मे भांग के फायदे - benefits of bhang in hindi


अगर हैजे की शुरुआत हो तो आरम्भ मे ही भांग या गांजे की 250 मिलीग्राम मात्रा मे इतनी ही मात्रा मे कालीमिर्च, छोटी इलायची ताथा कपूर मिलाकर एक एक घंटे बाद उबाल कर ठंडा कर, शीतल जल के साथ  पिलाने से हैजा ठीक हो जाता है ।

4. मलेरिया में  भांग की गोली खाने के फायदेे - bhang ki goli khane ke fayde


मलेरिया ज्वर को उतरने के लिए भांग के चूर्ण की एक ग्राम मात्रा व गुड़ 2 ग्राम लेकर इनको मिलाकर चार गोलियां बनालें, भांग की एक एक गोली दो दो घंटे बाद देने से बुखार उतर जाता है । ज्वर चढ़ने से पहले ही यदि एक भांग की गोली ( bhang ki goli ) दे दी जाए तो ज्वर की तीव्रता कम हो जाती है ।

5. टेटनस में भांग खाने के फायदे bhang khane ke fayde


  • सूखी हुई भांग की 100 से 125 मिलीग्राम मात्रा में 2 ग्राम काली मिर्च व 2 ग्राम मिश्री मिलाकर पीस कर दिन ममें 3 से 4 बार देने से टेटनस रोग ठीक हो जाता है ।

  • एक ग्राम भांग को जलाकर धुआँ सूंघने से धीरे धीरे असर काम हो जाता है । बार बार धुआँ पीने से रोग से मुक्ति मिल जाती है ।



6. आंखों के लिए भांग के फायदे - bhang ke fayde


भांग  bhang  से काला मोतियाबिंद का इलाज किया जाता है । काला मोतियाबिंद को ग्लूकोमा के नाम से जाना जाता है । ग्लूकोमा रोग में आँख की नासे कमजोर हो जाती है । इसका का सेवन इन्हें मजबूती प्रदान करता है । जिससे ग्लूकोमा मे लाभ मिलता है ।


7. भांग के पत्ते के अन्य फायदे - bhang ke patte ke fayde

  • भांग के पत्ते - bhang ke patte का रस माथे पर लगाने से माथे की रूसी व कृमि मर जाते है । भांग के पत्ती को पानी के साथ पीस कर पेस्ट बना लें, इस पेस्ट को बालों पर लगा कर कुछ देर छोड़ दें, फिर सिर धो लें, इससे सिर की जुए व लीखें मर जाती हैं ।

  • भांग तथा खीरा ककड़ी के बीजो के मगज को घोट कर पीस कर ठंडाइ बनाकर पीने से मूत्र की जलन मिट जाती है ।

  • भांग के पत्ते का चूर्ण को घाव व जख्मों पर लगाने से घाव अच्छे हो जाते हैं।

  • भांग व मिर्च के चूर्ण की समान मात्रा मे गुड़ मिलाकर आधे ग्राम की गोली बनाकर देने से पेट दर्द मे आराम मिलता  है ।

  • भांग के पत्ते - bhang ke patte का पानी के साथ पेस्ट बनालें इस पेस्ट की थोड़ी सी मात्रा मे पुल्टिस बना कर आग में सेक कर दो बूंद कान मे टपकने से कान का दर्द ठीक हो जाता है व कान के कीड़े मर जाते हैं ।


भांग के बीज के फायदे - bhang ke beej ke fayde 



भांग के बीज भांग के पेड़ - bhang ka ped से प्राप्त होते हैं। भांग के बीज में कुछ पोषक तत्व भी होते हैं। भांग में फैटी एसिड्स, प्रोटिन, विटामिन ई के अलावा फॉस्फोरस, पोटैशियम, सोडियम, मैग्नेशियम, सल्फर, कैल्शियम, आयरन और जिंक जैसे अनेक खनिज पदार्थ भी पाए जाते हैं ।


1. भांग के बीज का उपयोग करने से धमनी के रोग और हार्ट अटैक की संभावनाएं बहुत कम हो जाती हैं। एक अध्ययन में पाया गया है कि इन बीजों में अमिनो एसिड की मात्रा काफी अधिक होने के कारण दिल को स्वस्थ रखने में मदद करता है। लेकिन अगर आप किसी प्रकार की दवाएं ले रहे हैं या दिल की किसी समस्या से ग्रसित हैं तो इन बीजों के सेवन करने से पहले किसी चिकित्सक से सलाह अवश्य लें लें ।


2. अगर आपको एटॉपिक डर्मेटाइटिस या खुजली जैसे कोई त्वचा संबंधी समस्या हैं तो भांग के बीज का तेल आपके लिए फायदेमंद हो सकता है। यह रूखी त्वचा को मुलायम करता है और खुजली जैसी समस्याओं को समाप्त करती है।


3. कब्ज में भाग का उपयोग किया जाता है, गांजे के बीज में फाइबर की प्रचुर मात्रा होती हैं जो पाचनशक्ति अच्छा करके कब्ज से आराम दिलाता हैं।


4. एक अध्ययन में ऐसा पाया गया है कि भांग के बीज बैड कोलेस्ट्रॉल या एलडीएल को तथा सामान्य कोलेस्ट्रॉल को  नियंत्रित कर सकते हैं। वास्तव में भांग के बीज फैटी एसिड्स से रिच होते हैं जो अनहेल्दी फैट्स को नियंत्रित करने में सहायता करते हैं।




भांग के पत्ते खाने के नुकसान - side efect of bhang


  • भांग का अधिक मात्रा मे सेवन करने से व्यक्ति को भांग का नशा हो जाता है । नशा होना ठीक नही है । भांग की ज्यादा मात्रा खाने से फायदे के अलावा भांग से नुकसान भी होता है ।

  • भांग के पत्ते - bhaang ke patte के अत्यधिक सेवन से शरीर मे कमजोरी हो जाती है । नर्वस सिस्टम कमजोर हो जाता है, इसके लगातार सेवन करने से बचना चाहिए लगातार सेवन करने से मनुष्य इसका आदि हो जाता है । जो ठीक नही है ।

  • भांग के पौधे से नशा होता है, इसके नशे मे इस्तेमाल करने से बुद्धि कुंद हो जाती है व मनुष्य विचार हीन हो जाता है, इसका अत्यधिक उपयोग करने से व्यक्ति नपुंसक व चरित्रहीन भी हो जाता है।

विशेष:


भांग के पत्ते खाने के फायदे तो होते ही हैं, लेकिन कभी- कभी भांग के नुकसान भी होते हैं । कभी भी भांग को खाली पेट नही लेना चाहिए, दिल व शुगर के मरीजों को भांग प्रयोग नही करना चाहिए, बच्चों व बूड़ो को भी इसका उपयोग नही करना चाहिए ।


भांग के पत्ते - bhang k patte का  अत्यधिक उपयोग करने से नशा हो जाता है, अब भांग का नशा कैसे उतरेगा? इसके लिए धतूरा या अनार का रस देने से नशा कम हो जाता है ।  दूध या घी देने से भी भांग का नशा उतर जाता है । अगर कुछ भी उपलब्द ना हो तो अमरूद खाने से या अमरूद के पत्तो का रस पीने से भी भांग का नशा उतर जाता है।


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रोगी को भांग से उपचार करने से पूर्व किसी वैध की सलाह अवश्य ले लेनीं चाहिए । इसकी अत्यधिक मात्रा में भांग लेना सवास्थ के लिए हानिकारक होता है । इस लेख में भांग के पत्ते के फायदे - bhang ke patte ke fayde के बारे में बताया गया है । आशा करते हैं, भांग के पत्ते पर लिखा यह लेख आप को पसंद आया होगा ।


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